
बालोद NHM भर्ती: 41 दिन बाद जागे अफसर, अब दे रहे जांच का ‘लॉलीपॉप’; बेरोजगार बोले— ‘सेटिंग तगड़ी है साहब!’
बालोद – राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन जिला बालोद में संविदा भर्ती का जिन्न अब प्रशासनिक लीपापोती और ‘बैकडोर सेटिंग’ की भेंट चढ़ता नजर आ रहा है।
गत 18 मई 2026 को सौंपे गए शिकायती पत्र और योग्य युवाओं के भारी आक्रोश के पूरे 41 दिन बाद जिला प्रशासन की नींद टूटी है।
मामले में जब मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) से जवाब मांगा गया, तो उनका बयान सामने आया कि “शिकायत प्राप्त हुई है, मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच की जाएगी।”
भर्ती में फर्जीवाड़ा इस कदर हावी था कि डेटा एंट्री ऑपरेटर पद पर चयनित एक अभ्यर्थी ने पोल खुलने के डर से खुद गुपचुप इस्तीफा दे दिया, तब भी अफसरों का 41 दिन बाद केवल ‘जांच का भरोसा’ देना सिर्फ समय काटने की रणनीति है।
युवाओं का साफ कहना है कि जब एक इस्तीफा खुद धांधली की गवाही दे रहा है, तब भी कार्रवाई न होना यह साबित करता है कि पर्दे के पीछे ‘तगड़ी सेटिंग’ और किसी बड़े रसूखदार का संरक्षण काम कर रहा है।


